दूसरे दिन भी हंगामे के नाम रहा शीतकालीन सत्र, मोहन सरकार का पहला अनुपूरक बजट पेश, चर्चा कल
MP Assembly winter Session Second Day: एमपी विधानसभा शीतकालीन सत्र का दूसरा दिन भी हंगामेदार रहा, कांग्रेस विधायकों ने मोहन सरकार के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया, सभी विधायक हाथ में कटोरा लेकर विधानसभा पहुंचे…
हाथ में कटोरा लिए एमपी सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करते कांग्रेस विधायक.
MP Assembly winter Session Second Day: एमपी विधानसभा के शीतकालीन सत्र की शुरुआत हंगामेदार रही, वहीं दूसरे दिन भी हंगामे के नाम रहा। विपक्ष भाजपा पर हमला जारी है। मंगलवार की सुबह जैसे ही विधानसभा का शीतकालीन सत्र शुरू होते ही कांग्रेस ने लगातार कर्ज ले रही मोहन सरकार के खिलाफ नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के नेतृत्व में कांग्रेस विधायक कटोरा हाथ में लेकर विधान सभा में पहुंचे। कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा परिसर में गांधी प्रतिमा के सामने जमकर नारेबाजी की।
विपक्ष ने विधायकों ने आरोप लगाया कि एमपी की सरकार प्रदेशवासियों पर कर्ज का बोझ लाद रही है। उनका कहना है कि प्रदेशवासियों की स्थिति कटोरा लेकर भीख मांगने जैसी हो गई है।
सप्लीमेंट्री बजट पेश
बता दें कि शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को विधानसभा में मोहन सरकार ने अपना पहला अनुपूरक बजट पेश कर दिया। अब इस बजट पर बुधवार को 4 घंटे तक चर्चा का दौर चलेगा। विधानसभा के शीतकालीन सत्र को बुधवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।
शीतकालीन सत्र का दूसरा दिन
-नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के नेतृत्व में विधानसभा में कटोरा लेकर पहुंचे कांग्रेस विधायक – लगातार कर्ज ले रही मोहन सरकार पर लगाए गंभीर आरोप, जनता पर कर्ज का बोझ लादती जा रही सरकार
-इस दौरान समाजवादी पार्टी ने भी सरकार के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया, महिला सुरक्षा, किसान समस्या और बेरोजगारी को लेकर मोहन सरकार को घेरा -भाजपा के प्रदेश मुख्यालय पर सपा ने सरकार की नीतियों की अर्थी सजाई,सरकार के हर मोर्चे पर फेल होने का आरोप लगाते हुए अर्थी निकाली।
-इस दौरान नेताओं को पुलिस ने रोकने की भी कोशिश की और प्रदर्शनकारियों के साथ उनकी धक्का-मुक्की के मामले भी सामने आए। -पुलिस ने सभी को हिरासत में भी किया, लेकिन बाद में छोड़ दिया।
-इस दौरान सपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मनोज यादव ने कहा कि बीजेपी सरकार हर मुद्दे पर विफल रही है, हम ऐसी सरकार को उखाड़ फेकेंगे, हम जेल जाएंगे। -भाजपा सरकार में किसान परेशान हैं, उन्हें एमएसपी नहीं मिल रही है। प्रदेश में महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं। आज यहां से आंदोलन की शुरुआत हो रही है। इसके बाद हर जिले में धरना-प्रदर्शन करेंगे।
ऐसा रहा शीतकालीन सत्र का पहला दिन
-प्रश्नकाल में केवल दो प्रश्न ही हो पाए। -विधायक सुरेश राज्य और विधायक जयवर्धन सिंह ने अपने क्षेत्र में हुए कार्यों को लेकर सवाल किए। इसके बाद प्रश्नकाल खत्म हो गया।
-नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार शून्यकाल में खाद संकट पर बात करना चाहते थे। -मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बांग्लादेश का मुद्दा उठा दिया, जिस पर कांग्रेस ने कहा- सरकार खाद संकट पर चर्चा ही नहीं करना चाहती। इसके बाद कांग्रेस ने हंगामा करते हुए वॉकआउट कर दिया।
-पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह ने स्कूल शिक्षा मंत्री से कहा, जो जवाब सदन में दिया जाए उसे चेक कर क्लियर कर लिया करें। -ये नहीं कि अफसरों ने जो लिखकर दे दिया मंत्रीजी ने उसे मान लिया। मैं भी विधायक हूं।
-पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह ने सागर के माल्थोन के एक स्कूल में बच्चे के यौन शौषण का मुद्दा उठाया। -उन्होंने कहा कि प्रदेश में इस तरह की घटनाएं कई स्कूलों में हो रही हैं।