किसी को डरने की जरूरत नहीं-शाह
एक टीवी चैनल के कार्यक्रम में शाह ने कहा कि प्रस्तावित कानून से किसी को डरने की जरूरत नहीं है, क्योंकि नरेंद्र मोदी सरकार संविधान के दायरे में रहकर वक्फ अधिनियम में संशोधन कर रही है। उन्होंंने विपक्ष पर आरोप लगाया कि वह झूठ बोलकर मुसलमानों को गुमराह कर रहा है। इस विधेयक से किसी भी मुस्लिम के अधिकारों का हनन नहीं होगा।‘हर किसी को विरोध का अधिकार’
विधेयक के खिलाफ हो रहे विरोध-प्रदर्शनों पर शाह ने कहा कि हर किसी को विरोध करने का अधिकार है, लेकिन किसी भी विवाद को अदालत में चुनौती दी जा सकती है।‘विधेयक को संविधान के दायरे में रखा’
केंद्रीय गृह मंत्री ने दावा किया कि कांग्रेस ने वक्फ अधिनियम में ऐसे नियम बनाए जो संविधान की भावना के अनुरूप नहीं थे। उन्होंने कहा कि हमने वक्फ विधेयक को संविधान के दायरे में रखा है, जबकि कांग्रेस ने अपने राजनीतिक लाभ के लिए कानून को तोड़-मरोड़ कर पेश किया।‘संविधान की भावना से ऊपर नहीं कोई विधेयक’
अमित शाह ने कहा कि कोई विधेयक संविधान की भावना से ऊपर नहीं हो सकता। हम इसे इस तरह से बना रहे हैं कि इसके फैसलों को अदालतों में चुनौती दी जा सके। यहां तक कि सरकारी आदेशों को भी अदालतों में चुनौती दी जाती है।123 प्रमुख स्थानों को वक्फ संपत्ति की घोषित
केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि वक्फ बोर्ड ने दिल्ली में 123 प्रमुख स्थानों को वक्फ संपत्ति घोषित किया है और प्रयागराज में ऐतिहासिक चंद्रशेखर आजाद पार्क, जहां आजाद ने अपना बलिदान दिया था, को भी वक्फ संपत्ति घोषित किया है। यह भी पढ़ें