2018 में बना था पीपे का पुल, काफी प्रयासों के बाद मिली पक्का पुल की सौगात
बड़हलगंज ब्लॉक के बैरियाखास और देवरिया जिले के बरहज विधानसभा क्षेत्र का मोहरा समोगर गांव ज्यादे जनसंख्या वाला है। स्थानीय लोग लंबे समय से पक्के पुल की मांग कर रहे थे। 2018 में यहां पीपे का पुल बनाया गया था। इसका लोकार्पण बांसगांव सांसद कमलेश पासवान ने किया था। उस समय 5 साल में पक्का पुल बनाने का आश्वासन दिया गया था। सेमरा में पुल होने के कारण इस योजना को टाल दिया गया था। चिल्लूपार विधायक राजेश त्रिपाठी के काफी प्रयासों से योगी सरकार ने पुल निर्माण को मंजूरी दी।
केंद्रीय ग्रामीण राज्य मंत्री और सांसद कमलेश पासवान का जताए आभार
नई सड़क से राम जानकी मार्ग से बरांव और पकड़ी होते हुए देवरिया मुख्यालय तक एक अन्य मार्ग भी मिल जाएगा। विधायक ने इस प्रस्ताव को स्वीकृत कराने में मदद के लिए केंद्रीय ग्रामीण राज्य मंत्री और सांसद कमलेश पासवान का आभार जताया है।विधायक राजेश त्रिपाठी ने कहा कि उन्हें इस बात की संतुष्टि है कि विधायकी कालखण्ड में राप्ती नदी पर रकहट और असवनपार पुल की स्वीकृति भी हुई और निर्माण भी पूरा होकर जनता को समर्पित किया गया। साथ ही राप्ती पर ही सेमरा खुर्द का अधूरा पुल पूरा करा कर जनता को सौंपा गया और अब यह बैरियाखास का पुल और प्रधानमंत्री सड़क भी कछारांचल के लिए वरदान साबित होगा ।