इस मामले में उसे गिरफ्तार कर पेश करने और उसके विरुद्ध गुजरात असामाजिक क्रियाकलाप निवारण अधिनियम (पासा एक्ट) के तहत कार्रवाई नहीं करने के लिए आरोप है कि चांदखेड़ा थाने के कांस्टेबल रजनीश श्रीमाली ने 5.30 लाख रुपए की रिश्वत की मांग की थी। रिश्वत की राशि वह देना नहीं चाहता था, जिससे उसने इसकी शिकायत एसीबी में कर दी।
इसके आधार पर एसीबी अहमदाबाद शहर के पीआई आर आई परमार एवं उनकी टीम ने चांदखेड़ा क्षेत्र में आरोपी की ओर से शिकायतकर्ता को बताई जगह न्यू सीजी रोड पर कान्हा रेस्टोरेंट के आगे खुली जगह में बुधवार को जाल बिछाया। जहां पर शिकायतकर्ता ने पहुंचकर कांस्टेबल से कहा कि अभी उसके पास दो लाख रुपए का इंतजाम हुआ है।
ऐसे में कांस्टेबल ने दो लाख रुपए की राशि को लेने के लिए चांदखेडा निवासी बिचौलिए मितुल उर्फ मोन्टू गोहिल (26) को शिकायतकर्ता के पास रुपए लेने भेजा। उसने शिकायतकर्ता के पास से रिश्वत की राशि स्वीकार कर ली। इस पर एसीबी की टीम ने उसे पकड़ लिया।
एसीबी की मौजदूगी की भनक लगने पर कांस्टेबल फरार
कांस्टेबल रजनीश को एसीबी की मौजूदगी की भनक लग जाने से वह फरार हो गया। ऐसे में उसे फरार घोषित किया है। इस मामले में अहमदाबाद शहर एसीबी थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। ज्ञात हो कि शहर पुलिस आयुक्त ने आदतन आरोपियों पर पासा करने का आदेश दिया है। इससे भी वसूली शुरू की है।