सैटेलाइट से होगी मॉनिटरिंग
पराली जलाने की घटनाओं पर नजर रखने के लिए भारत सरकार की संस्था ICAR सैटेलाइट के जरिए पूरे देश में निगरानी करेगी। कृषि विभाग के उप संचालक जवाहरलाल कास्दे ने बताया कि इस नियम का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। पंचायत सचिव और कृषि विस्तार अधिकारी संयुक्त रूप से इस अभियान को आगे बढ़ाएंगे। जरूरत पड़ने पर पुलिस बल की सहायता भी ली जाएगी। जुर्माने की दरें तय
पराली जलाने पर लगने वाला जुर्माना भूमि के क्षेत्रफल के आधार पर तय किया गया है:
- 2 एकड़ तक: 2500 रूपए का जुर्माना
- 2 से 5 एकड़: 5000 रूपए का जुर्माना
- 5 एकड़ से अधिक: 15000 रूपए प्रति घटना का जुर्माना
थमाया जाएगा नोटिस
कृषि विभाग के अधिकारी पराली जलाने वालों को नोटिस जारी करेंगे। कृषि विस्तार अधिकारी नोटिस की तामील कराएंगे, जबकि वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी इसका पर्यवेक्षण करेंगे। सभी नोटिस की सूची अनुविभागीय कृषि अधिकारी को सौंपी जाएगी। प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे पराली जलाने के बजाय वैकल्पिक विधियों का उपयोग करें।