खाए जा रही है बच्चों की चिंता
28 मार्च की रात, बबलू अपने बच्चों को लेकर विकास के घर पहुंचा। उसने बच्चों के भविष्य और उनके पालन-पोषण की चिंता जताते हुए अपनी पत्नी को वापस भेजने की गुहार लगाई। इस दौरान उसने रोते हुए कहा कि अगर पत्नी वापस नहीं आई, तो वह बच्चों के साथ आत्महत्या कर लेगा। प्रेमी के परिवार ने दिखाई उदारता
बबलू की यह हालत देखकर विकास की मां का दिल पिघल गया। उन्होंने अपने बेटे और बहू को समझाया कि बच्चों की परवरिश के लिए राधिका को अपने पहले पति के पास लौट जाना चाहिए। मां की इस सलाह पर विकास ने भी सहमति जताई। इसके बाद पंचायत की बैठक हुई और सर्वसम्मति से राधिका फिर से अपने पहले पति और बच्चों के पास लौट आई।
पति ने जताया भरोसा अब नहीं होगी परेशानी
पत्नी के लौटने के बाद बबलू ने पंचायत के निर्णय को सम्मानपूर्वक स्वीकार किया और कहा, “मैं अपनी पत्नी और बच्चों से बेहद प्यार करता हूं। अब हमारे बीच कोई समस्या नहीं होगी। मैं वादा करता हूं कि राधिका को किसी भी तरह की परेशानी नहीं होने दूंगा।” पुलिस को घटना की जानकारी नहीं
इस मामले को लेकर पुलिस का कहना है कि उन्हें इसकी कोई सूचना नहीं दी गई थी। बबलू ने बताया कि उसने मेरठ और औरैया जैसी घटनाओं से डरकर पहले पत्नी को प्रेमी के साथ भेजने की स्वीकृति दे दी थी। “शुरू में मैंने खुद पंचायत के सामने उनकी शादी करवाई और तस्वीरें भी खिंचवाईं। लेकिन बाद में जब अपने बच्चों के भविष्य पर विचार किया तो मेरा दिल भर आया।”
बबलू ने विकास के परिवार और पंचायत का धन्यवाद किया कि उन्होंने उसकी भावनाओं को समझा और उसकी पत्नी को वापस भेज दिया। अब वह अपने परिवार की पूरी जिम्मेदारी उठाने के लिए तैयार है।