सीएम रेखा गुप्ता ने कहा “महाअष्टमी के पावन अवसर पर आज एक नन्ही बच्ची की आंखों में उसके घर में आ रहे गंदे पानी की वजह से आंसू देखे। अभी हमें आये सिर्फ एक महीना हुआ है, लेकिन मां की तरह मेरा भी वचन है कि दिल्ली के घरों में साफ पानी जरूर पहुंचेगा। दिल्ली की हर बेटी, हर परिवार को साफ पानी, अच्छी सेहत और बेहतर जीवन देना ही मेरा सबसे बड़ा संकल्प है। आज इस संकल्प को और शक्ति मिली है। आज हम माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आयुष्मान भारत योजना को दिल्ली में लागू करने के लिए हम MoU पर हस्ताक्षर करने जा रहे हैं। यह सिर्फ एक कागज नहीं, बल्कि दिल्ली के हर पात्र परिवार की सेहत और सम्मान की गारंटी है। अष्टमी के दिन मां महागौरी के आशीर्वाद से अब दिल्ली को स्वस्थ जीवन और सुरक्षित भविष्य मिलेगा।”
दिल्ली की बेटियों के लिए बड़ी योजना का ऐलान
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने
चैत्र नवरात्रि की महाअष्टमी पर कन्या पूजन करते हुए कहा, “हजारों सालों से हमारी परंपरा में कन्याओं की पूजा कर उनका आशीर्वाद लिया जाता है। पिछले 20 वर्षों से मैं दोनों नवरात्रि में यह पूजा करती आ रही हूं। आज मैं भगवान से प्रार्थना करती हूं कि दिल्ली की लाखों बेटियों की उम्मीदें पूरी हों।” इसके साथ ही उन्होंने एक बड़ी घोषणा करते हुए बताया कि आज दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार के बीच ‘आयुष्मान भारत योजना’ को लेकर समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर हो रहे हैं। यह समझौता दिल्ली की स्वास्थ्य सेवा व्यवस्था को एक नई दिशा देगा।
दिल्ली में शुरू होगा विशेष नामांकन अभियान
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने जानकारी दी कि इस योजना के तहत अब दिल्ली के पात्र परिवारों को 10 लाख रुपये तक का सालाना स्वास्थ्य बीमा कवर मिलेगा। इसमें 5 लाख रुपये केंद्र सरकार और 5 लाख रुपये दिल्ली सरकार की ओर से दिए जाएंगे। उन्होंने बताया “सहमति पत्र पर हस्ताक्षर के बाद जल्द ही दिल्ली में एक विशेष नामांकन अभियान शुरू किया जाएगा, जिससे अधिक से अधिक लोग इस योजना से जुड़ सकें।”
पिछली सरकारें विफल रहीं, हम स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने को प्रतिबद्ध
गुप्ता ने कहा “पिछली सरकारें दिल्ली में पर्याप्त चिकित्सा सुविधाएं सुनिश्चित करने में असफल रहीं, लेकिन हमारी सरकार इस योजना को पूरी तत्परता के साथ लागू करेगी। हम हर दिन दिल्लीवासियों की सेवा के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह हमारा कर्तव्य है।” इससे पहले शुक्रवार को सीएम रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में हुई बैठक में इस समझौते को लेकर निर्णय लिया गया। बैठक में कैबिनेट मंत्री और स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।